सिनेमा जगत को बड़ा झटका: दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार का 87 वर्ष की उम्र में निधन

मुंबई: भारतीय सिनेमा के महान अभिनेता मनोज कुमार का 87 वर्ष की उम्र में निधन
मुंबई: भारतीय सिनेमा जगत के दिग्गज अभिनेता और फिल्म निर्माता मनोज कुमार का 87 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने मुंबई के कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल में अंतिम सांस ली। मनोज कुमार लंबे समय से बीमार थे और डीकंपेन्सेटेड लिवर सिरोसिस से जूझ रहे थे। उन्हें 21 फरवरी को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनका इलाज चल रहा था, लेकिन उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कह दिया।
मनोज कुमार ने भारतीय सिनेमा को कई अविस्मरणीय फिल्में दीं, जिनमें ‘उपकार’, ‘पूरब और पश्चिम’, ‘क्रांति’, और ‘रोटी कपड़ा और मकान’ जैसी देशभक्ति से ओत-प्रोत फिल्में शामिल हैं। उनकी फिल्मों में भारतीयता और देशभक्ति का गहरा प्रभाव देखने को मिलता था, जिसके कारण उन्हें ‘भारत कुमार’ के नाम से भी जाना जाता था।
मनोज कुमार का जन्म 24 जुलाई 1937 को ब्रिटिश इंडिया के एबटाबाद (अब पाकिस्तान) में हुआ था। विभाजन के बाद उनका परिवार दिल्ली आकर बस गया। उन्होंने हिंदू कॉलेज से अपनी शिक्षा पूरी की और फिर फिल्मी दुनिया में कदम रखा। अपने करियर में उन्होंने कई सफल और प्रतिष्ठित फिल्में बनाई और अभिनय किया। उन्हें भारतीय सिनेमा में उनके अद्वितीय योगदान के लिए कई पुरस्कारों से सम्मानित किया गया।
मनोज कुमार को सात बार फिल्मफेयर पुरस्कार मिल चुका था, जिनमें 1968 में ‘उपकार’ के लिए बेस्ट फिल्म, बेस्ट डायरेक्टर, बेस्ट स्टोरी और बेस्ट डायलॉग के चार पुरस्कार शामिल हैं। इसके अलावा, 1992 में भारत सरकार ने उन्हें ‘पद्मश्री’ से नवाजा, और 2016 में उन्हें भारतीय सिनेमा के सर्वोच्च सम्मान ‘दादा साहेब फाल्के पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया।
मनोज कुमार के निधन से पूरा देश शोक में डूब गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए लिखा, “महान अभिनेता और फिल्म निर्माता श्री मनोज कुमार जी के निधन से बहुत दुख हुआ। वह भारतीय सिनेमा के प्रतीक थे, जिन्हें विशेष रूप से उनकी देशभक्ति की भावना के लिए याद किया जाएगा।”
मनोज कुमार अब हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी फिल्में और देशभक्ति से जुड़ी प्रेरणा हमेशा लोगों के दिलों में जीवित रहेंगी।
