पड़ोसी के बढ़ते कारोबार से खुन्नस: व्यक्ति ने करवाई करोड़ों की लूट, पुलिस ने 79 लाख रुपये का सामान बरामद किया

पुरी में करोड़ों की लूट का खुलासा: पड़ोसी दुकानदार की ईर्ष्या ने रची खतरनाक साजिश, चार गिरफ्तार, 79 लाख का माल बरामद
ओडिशा के पुरी स्थित चंदनपुर इलाके में एक ऐसी वारदात सामने आई जिसने पूरे शहर को चौंका दिया। पड़ोस के ज्वेलरी कारोबारी की तरक्की और बढ़ते व्यापार से जलन रखने वाले एक दुकानदार ने 20 नवंबर 2025 को करोड़ों की लूट की योजना बनाकर उसे अंजाम दिलाया। पुलिस जांच में सामने आया कि यह अपराध किसी गैंग द्वारा नहीं, बल्कि उस शख्स ने करवाया था जिसे पीड़ित परिवार अपना करीबी समझता था।
कैसे बनी करोड़ों की लूट की साजिश
राधाकांत ज्वेलरी के मालिक संजय कुमार दास के परिवार के लोग 20 नवंबर की सुबह सोना, चांदी और नकदी लेकर बैंक और भुवनेश्वर की ओर जा रहे थे। जैसे ही उनकी मारुति कार समाजपुर रेलवे ओवरब्रिज पर पहुंची, आरोपियों ने पिस्तौल दिखाकर उन्हें रोक लिया और बैग में रखा सोना, चांदी और छह लाख रुपये नकद लूटकर भाग निकले।
यह वारदात किसी आकस्मिक हमले का असर नहीं थी, बल्कि लंबे समय से तैयार की गई साजिश थी।
इस साजिश के मास्टरमाइंड बने टुकु उर्फ टुकु नायक, जो नीलकंठ ज्वेलरी का मालिक और पीड़ित परिवार का करीबी मित्र था। अक्सर वह उनके घर और दुकान आता-जाता था और इसी भरोसे का फायदा उठाकर उसने माल आने–जाने, मात्रा, समय और रूट जैसी हर जानकारी जुटा ली। बढ़ते ग्राहक और पड़ोसी दुकान की तरक्की ने उसके अंदर ईर्ष्या पैदा कर दी, जो धीरे-धीरे खतरनाक दुश्मनी में बदल गई।
आंध्र के अपराधियों की मदद ली, होटल में बैठकर तैयार हुई योजना
टुकु नायक ने योजना को पूरा करने के लिए बापी उर्फ प्रशांत प्रधान को साथ मिलाया। बापी पहले से आंध्र प्रदेश के कुछ हार्डकोर अपराधियों के संपर्क में था।
सभी को पुरी के एक प्रीमियम होटल में ठहराया गया, जहां बैठकर पूरी लूट की प्लानिंग तैयार की गई।
लूट के दिन:
- आंध्र के तीन अपराधी स्कोडा कार (AP-05CY-8656) में थे
- सुभ्रजित मोहंती (MBA छात्र) TVS स्पोर्ट्स बाइक पर था—इसीने पिस्तौल दिखाकर हमला किया
- एम. गौथम भी गिरोह का हिस्सा था
सभी ने मारुति कार का पीछा किया और NH-316 पर सही मौके का इंतजार कर वारदात को अंजाम दिया। लूट के बाद आरोपी रेमेश्वर की ओर भागे और रास्ते में गाड़ियां बदलकर सब एक जगह इकट्ठे हुए, जहां माल का बंटवारा भी किया गया।
पुलिस की तेज कार्रवाई, 79 लाख का माल बरामद
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुरी SP प्रतीक सिंह ने एक विशेष जांच टीम गठित की, जिसने सिर्फ दो दिनों में आरोपी तक पहुंच बनाई।
तकनीकी जांच, सीसीटीवी और स्थानीय इनपुट के आधार पर टुकु नायक, बापी प्रधान, एम. गौथम और सुभ्रजित मोहंती को गिरफ्तार कर लिया गया।
जिन सामानों की बरामदगी हुई, उनमें शामिल हैं:
- 132 ग्राम सोना
- 31 किलो चांदी
- ₹6 लाख नकद
- पिस्तौल और दो कारतूस
- स्कोडा कार, बाइक और 6 मोबाइल
कुल मूल्य लगभग ₹78.96 लाख।
आरोपियों ने पूछताछ में अपराध की बात स्वीकार भी कर ली है। तीन मुख्य आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है।
ईर्ष्या से जन्मी अपराध की कहानी
चंदनपुर की यह घटना सिर्फ एक लूट नहीं, बल्कि इस बात का प्रतीक है कि व्यापार में प्रतिस्पर्धा जब ईर्ष्या में बदल जाती है, तो इंसान कितना खतरनाक कदम उठा सकता है। जिस व्यक्ति पर परिवार भरोसा करता था, वही इस साजिश का सूत्रधार निकला।
यह मामला भरोसे, जलन और अपराध के खतरनाक मेल का एक सच्चा उदाहरण बनकर सामने आया है।
